जयपुर। जयपुर पश्चिम पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल भरवाकर बिना पैसे दिए फरार होने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। डीसीपी पश्चिम प्रशांत किरण के निर्देशन में डीएसटी पश्चिम और बिंदायका थाना पुलिस ने संयुक्त रूप से इस गिरोह का पर्दाफाश किया। आरोपियों ने पूछताछ में जयपुर के विभिन्न इलाकों में 20 से अधिक बार पेट्रोल चोरी की घटनाओं को अंजाम देने की बात स्वीकार की है।
पुलिस के अनुसार, यह मामला तब सामने आया जब 28 अक्टूबर को बिंदायका थाने में राहुल शर्मा और बजरंग लाल जाट ने रिपोर्ट दर्ज कराई। शिकायत में बताया गया कि 23 अक्टूबर को एक स्विफ्ट कार सवारों ने 4,403 रुपये का पेट्रोल भरवाया और भुगतान किए बिना भाग गए। इसी तरह 28 अक्टूबर को सिरसी रोड स्थित मामा फिलिंग स्टेशन पर वैगनआर कार में 4,070 रुपये का पेट्रोल भरवाकर आरोपी फरार हो गए। दोनों ही मामलों में एक ही फर्जी नंबर प्लेट RJ14CK5455 का उपयोग किया गया था।
घटनाओं की गंभीरता को देखते हुए डीसीपी प्रशांत किरण ने एक विशेष टीम का गठन किया। पुलिस ने जयपुर और सीकर के विभिन्न पेट्रोल पंपों, टोल प्लाजा और रेलवे स्टेशनों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। तकनीकी सहायता और मुखबिरों की सूचना के आधार पर पुलिस टीम सीकर जिले के लक्ष्मणगढ़ थाना क्षेत्र के अलखपुरा गोचरान पहुंची। वहां से दोनों संदिग्धों को पकड़ लिया गया, हालांकि उन्होंने भागने की कोशिश भी की थी।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि आरोपी रात के समय घरों के बाहर खड़ी गाड़ियों से नंबर प्लेट चुराते थे। फिर इन फर्जी नंबर प्लेटों को अपनी गाड़ियों पर लगाकर पेट्रोल पंपों पर जाते और टंकी फुल करवाने के बाद बिना भुगतान किए रफूचक्कर हो जाते थे। आरोपियों ने मानसरोवर, सोडाला, करधनी, वैशाली नगर और हरमाड़ा सहित कई इलाकों में ऐसी वारदातों को अंजाम दिया है।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अंकित वर्मा (19) और विशाल मेहरा (28) के रूप में हुई है। इस कार्रवाई में बिंदायका थानाधिकारी अनिल जैमिनी, डीएसटी प्रभारी गणेश सैनी और हेड कांस्टेबल दिनेश कुमार शर्मा की भूमिका महत्वपूर्ण रही। पुलिस अब आरोपियों से उनके अन्य साथियों और वारदातों के बारे में गहन पूछताछ कर रही है।


