जयपुर/सामोद। जयपुर ग्रामीण जिले के सामोद थाना क्षेत्र के मौरीजा गांव में पंचायत चुनाव के दौरान हुई हिंसा और मतदान केंद्र पर उपद्रव के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी सुरेश कुमार सैनी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी सरपंच पद की प्रत्याशी का पति है और उसने चुनाव में हार के डर से मतदान प्रक्रिया को बाधित करने की योजना बनाई थी। उसका मुख्य उद्देश्य भीड़ को उकसाकर मतपेटियों को लूटना था ताकि दोबारा चुनाव कराए जा सकें।
घटना 24 अक्टूबर की है, जब मौरीजा स्थित कन्या पाठशाला के मतदान केंद्र पर वोटिंग समाप्त होने के बाद मतपेटियों को सील करने का कार्य चल रहा था। इस दौरान वोट चोरी की अफवाह फैलाकर करीब 200 से 250 लोगों की भीड़ को एकत्रित किया गया। उग्र भीड़ ने मतदान केंद्र में घुसकर सरकारी संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचाया और वहां तैनात पुलिसकर्मियों व मतदान अधिकारियों पर पथराव किया। इस हमले में कई पुलिसकर्मी घायल हुए और सरकारी उपकरणों को भी क्षतिग्रस्त कर दिया गया।
पुलिस ने अतिरिक्त जाप्ता तैनात कर स्थिति को नियंत्रित किया और मतपेटियों को सुरक्षित रखा। इसके बाद उपद्रवियों ने चौमूं-चंदवाजी स्टेट हाईवे पर जाम लगाकर यातायात बाधित कर दिया था। पुलिस अधीक्षक हनुमान प्रसाद ने बताया कि इस मामले में पहले ही एक आरोपी भगतसिंह लखेरा को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिसने अफवाह फैलाने में मुख्य भूमिका निभाई थी। अब मुख्य आरोपी सुरेश सैनी की गिरफ्तारी से जांच में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है।
सामोद थाने में भारतीय न्याय संहिता और सार्वजनिक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस घटना के दौरान की वीडियो रिकॉर्डिंग का बारीकी से विश्लेषण कर रही है ताकि अन्य उपद्रवियों की पहचान की जा सके। फरार आरोपियों की तलाश के लिए पुलिस की अलग-अलग टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि चुनाव प्रक्रिया में बाधा डालने और सरकारी कर्मचारियों पर हमला करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा। विशेष पुलिस टीम घटना में शामिल हर एक व्यक्ति की पहचान करने में जुटी है। आने वाले दिनों में अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी की संभावना है, जिससे इस पूरी साजिश का खुलासा हो सकेगा।


