रेलवे विभाग द्वारा रेल लाइन नेटवर्क को मजबूत किया जा रहा है। जहां नई रेल लाइन बिछाने का काम किया जा रहा, वहीं जिन दोहरी रेल लाइन होने के बावजूद लोड ज्यादा है, उनको फोरलेन का प्लान बनाया जा रहा। इसी कड़ी में हरियाणा से निकलने वाली दिल्ली-पानीपत अंबाला रेल मार्ग को फोरलेन बनाया जाएगा। 197 किलोमीटर लंबी इस रेल लाइन को फोरलेन का अधिग्रहण करने के लिए फिलहाल 21 गांवों की जमीन का चयन किया गया है। जहां से रेल लाइन निकलने के लिए जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा।
इसके लिए रेलवे विभाग की तरफ से इन 21 गांवों की जमीन का रिकार्ड मांग लिया है। उत्तर रेलवे ने जिला प्रशासन ने डीपीआर के अनुसार इन गांवों की जमीन अधिग्रहण संबंधित प्रस्ताव भेजा गया है। फिलहाल सोनीपत जिले के अंतर्गत आने वाले गांवों का रिकार्ड भेजा गया है, लेकिन इसके बाद पानीपत, करनाल, कुरुक्षेत्र, अंबाला की जमीन के संबंध में रिकार्ड भेजकर जमीन अधिग्रहण का प्रस्ताव तैयार किया जाएगा।
उत्तर रेलवे द्वारा सोनीपत जिले के 21 गांव का चयन किया गया है, जहां पर यह रेलवे लाइन निकाली जाएगी। इसमें राई तहसील के 5, सोनीपत के 10 और गन्नौर के 6 गांवों की जमीन का चयन किया गया है। जहां पर इन गांवों के किसानों को एनसीआर के हिसाब व रेलवे की अधिग्रहण नीति के हिसाब से जमीन का मुआवजा दिया जाएगा। दिल्ली-अंबाला रेल लाइन का फोरलेन होने के बाद पंजाब, हिमाचल प्रदेश, चंडीगढ़ और जम्मू-कश्मीर जाने वाली ट्रेनों की संख्या बढ़ेगी और बिना किसी बाधा के ट्रेन सुपरफास्ट गतंव्य तय करेगी।
रेल लाइन को फोरलेन करने के लिए 5983 करोड़ रुपये का बजट
रेलवे विभाग की तरफ से दिल्ली से अंबाला तक रेल लाइन का फोरलेन करने के लिए 5983 करोड़ रुपये का बजट बनाया है। इस बजट के माध्यम से जहां जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा, वहीं दोहरी लाइन बिछाने के साथ ओवरब्रिज व अंडरपासों का निर्माण किया जाएगा। इस प्रोजेक्ट में हरियाणा के पांच जिलों से होकर निकलेगा।
इसमें शुरुआत में सोनीपत जिले की जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। इसके बाद पानीपत, करनाल, कुरुक्षेत्र व अंबाला के किसानों की जमीन अधिग्रहण की जाएगी। पहले चरण में सब्जी मंडी से अंबाला कैंट के बीच दो अतिरिक्त लाइनों के निर्माण के लिए 3612 करोड़ रुपये की निविदा आमंत्रित की गई है, जिसे उत्तर रेलवे ने चार वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा है।
सोनीपत जिले के इन गांवों की जमीन होगी अधिग्रहण
रेलवे विभाग के प्रस्ताव के अनुसार इस के फोरलेन करने के लिए सोनीपत जिले के 21 गांवों से होकर निकलेगी। इसमें राई तहसील के किसानों की 2.1604 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहण की जाएगी। इसमें मुनीरपुर, सफियाबाद का पाना पसोसियान, अकबरपुर बारोटा, सफियाबाद खेड़ी मनाजात, खेड़ी मनाजात की जमीन आएगी।
इसी तरह सोनीपत तहसील की 7.4381 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। इसमें कालूपुर, पट्टी जट्टान, पट्टी मुसलमान, हरसाना कला, हरसाना खुर्द, जगदीशपुर, नसीरपुर बांगर, बैंयापुर, जाहरी, थरिया, कामी की जमीन आएगी। जबकि गन्नौर तहसील की 5.9293 हेक्टेयर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। इसमें भूर्री, राजपुर, राजलू, गन्नौर, पांची गुजरान और जफरपुर की जमीन आएगी।
पानीपत जिले के इन गांवों से होकर निकलेगी रेल लाइन
पानीपत जिले से इस रेल लाइन का रुट तैयार कर लिया गया है। इसमें समालखा तहसील के गांव झटीपुर समेत सात गांव की जमीन आएगी। इसी तरह पानीपत तहसील के दिवाना, सिवाह, पानीपत, काबड़ी, निजामपुर, कचरौली, बाबरपुर व एक अन्य जमीन से होकर निकलेगी, लेकिन फिलहाल इन गांवों में अधिग्रहण संबंधित प्रस्ताव नहीं दिया गया है।
करनाल जिले के इन गांवों से होकर निकलेगी रेल लाइन
करनाल जिले से होकर निकलने वाली फोरलेन रेल लाइन के लिए जमीन का चयन कर लिया गया है, लेकिन फिलहाल इन गांवों की जमीन का अधिग्रहण करने का प्रस्ताव उत्तर रेलवे द्वारा नहीं दिया गया है। इसमें घरौंडा तहसील के गांव कोहंड, घरौंडा ग्रामीण, बसताड़ा, झिवर हेड़ी, खरकाली शामिल है। जबकि करनाल तहसील के भूसली, बजिदा जटान, घोगीपुर, करनाल, उचाना गांव शामिल है। जबकि नीलोखेड़ी तहसील के झंझारी, भैणी खुर्द, शामगढ़, डोडवा, टिखाना, पढ़ाना, नीलोखेड़ी, निगदू पुजम, मनाका माजरा, रायपुर रोडन, समाना बाहू से होकर यह रेल लाइन निकलेगी।
कुरुक्षेत्र जिले के इन गांवों से होकर निकलेगी नई रेल लाइन
उत्तर रेलवे की तरफ से तैयार की गई डीपीआर के अनुसार कुरुक्षेत्र जिले के गांवों की जमीन का भी चयन कर लिया गया है, लेकिन रेलवे की तरफ से फिलहाल कितनी जमीन अधिग्रहण करनी है, इसका प्रस्ताव प्रशासन को नहीं सौंपा है। इसमें थानेसर तहसील के गांव अमीन, थानेसर, सुंदरपुर, शादीपुर शाहाबाद, शादीपुर शहीद, धीरपुर की जमीन से होकर रेल लाइन निकलेगी। शाहबाद तहसील के गांव सराय सुखी, अटवान, चरुनी जटां, ढोला माजरा, खानपुर जटां, झामरा शाहाबाद, पट्टी शहजादपुर, कलियाना, संभालखी, मोहरी की जमीन से होकर निकलेगी।
अंबाला जिले के इन गांवों से होकर निकलेगी नई रेल लाइन
उत्तर रेलवे की तरफ से अंबाला जिले में भी फोरलेन नई रेल लाइन बनाने के लिए जमीन का चयन कर लिया गया है। इसमें मोहरा, शाहपुर, नन्हेड़ा व अंबाला कैंट शामिल है, लेकिन इन गांव का जमीन अधिग्रहण संबंधित कोई प्रस्ताव नहीं दिया गया है।