जयपुर। राजस्थान पुलिस द्वारा चलाए जा रहे ऑपरेशन त्रिनेत्र के तहत प्रतापगढ़ पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करी में लिप्त बादशाह खान की करीब 81 लाख 60 हजार रुपये की अवैध संपत्ति को एनडीपीएस एक्ट की धारा 68-एफ(1) के तहत फ्रीज करवा दिया है। यह कार्रवाई पुलिस की उस रणनीति का हिस्सा है जिसके तहत तस्करों द्वारा अपराध के जरिए बनाई गई संपत्ति को जब्त कर उनके नेटवर्क को आर्थिक रूप से कमजोर किया जा रहा है।
जिला पुलिस अधीक्षक विशाल जांगिड़ और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक जयदेव सियाग के निर्देशन में कोटड़ी थानाधिकारी ठाकराराम ने इस संपत्ति को फ्रीज करने का प्रस्ताव तैयार किया था। इस प्रस्ताव को भारत सरकार के सक्षम प्राधिकारी एवं एडमिनिस्ट्रेटर, नई दिल्ली के पास भेजा गया था। 28 अक्टूबर 2026 को हुई सुनवाई के बाद सक्षम प्राधिकारी ने इस फ्रीजिंग आदेश को मंजूरी देते हुए इसे स्थायी कर दिया है।
इस मामले की जड़ें 1 फरवरी 2023 को अरनोद थाना पुलिस द्वारा की गई कार्रवाई से जुड़ी हैं, जब पुलिस ने 136 किलो अवैध अफीम डोडाचूरा जब्त किया था। जांच के दौरान कोटड़ी निवासी बादशाह खान की संलिप्तता सामने आई, जिसके बाद उसे और उसके सहयोगियों को गिरफ्तार किया गया था। आरोपी के खिलाफ प्रतापगढ़ और सिरोही जिले के विभिन्न थानों में मादक पदार्थ तस्करी के पांच गंभीर मामले पहले से ही दर्ज हैं।
पुलिस की विशेष टीम ने आरोपी की वित्तीय जांच की और तस्करी से अर्जित संपत्ति की पहचान की। फ्रीज की गई संपत्तियों में कोटड़ी गांव में स्थित एक आलीशान मकान शामिल है, जिसकी बाजार कीमत करीब 80 लाख रुपये आंकी गई है। इसके अलावा, दो मोटरसाइकिलें भी जब्त की गई हैं। कुल मिलाकर 81 लाख 60 हजार रुपये की संपत्ति को अब कानूनी रूप से फ्रीज कर दिया गया है।
पुलिस ने संबंधित संपत्तियों पर बोर्ड लगाकर उन्हें कुर्क करने की प्रक्रिया पूरी कर ली है। इस कार्रवाई से क्षेत्र में मादक पदार्थ तस्करों के बीच हड़कंप मच गया है। पुलिस प्रशासन का कहना है कि भविष्य में भी इस तरह की कार्रवाई जारी रहेगी ताकि अपराध से अर्जित धन पर पूरी तरह से लगाम लगाई जा सके।


