Jaipur Times — जयपुर टाइम्स
देश और दुनियाहर खबर, आपकी भाषा में

जयपुर में राजस्थान पुलिस के जवानों ने फ्रांसीसी संगीत और कला के साथ किया संवाद

फ्रेंच भाषा सीख रहे राजस्थान पुलिस के टूरिस्ट असिस्टेंस फोर्स के जवानों ने जयपुर में आयोजित एक विशेष फ्रांसीसी संगीत कार्यक्रम में भाग लिया।

राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में फ्रांसीसी संगीत कार्यक्रम का आनंद लेते पुलिसकर्मी
राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में फ्रांसीसी संगीत कार्यक्रम का आनंद लेते पुलिसकर्मी

जयपुर। राजस्थान पुलिस की टूरिस्ट असिस्टेंस फोर्स के नौ जवानों ने हाल ही में जयपुर के राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में आयोजित फ्रांसीसी संगीत कार्यक्रम ले वोयाज दे रेज़े में शिरकत की। ये पुलिसकर्मी अलायंस फ्रांसेज़ जयपुर द्वारा संचालित फ्रेंच भाषा प्रशिक्षण कार्यक्रम का हिस्सा हैं। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य राज्य में आने वाले फ्रेंच और फ्रैंकोफोन पर्यटकों को बेहतर सहायता प्रदान करना और उन्हें भाषा के माध्यम से एक सहज अनुभव देना है।

यह आयोजन फ्रांस-भारत नवाचार वर्ष 2026 के तहत किया गया था, जिसमें संगीत, कविता और लाइव चित्रकला का अनूठा संगम देखने को मिला। लगभग 70 मिनट की इस प्रस्तुति में कलाकारों ने अपनी धुनों और दृश्य माध्यमों के जरिए दर्शकों को एक संगीतमय यात्रा पर ले जाने का काम किया। इस कार्यक्रम में गायन, गिटार, ताल वाद्य और लाइव पेंटिंग का समावेश था, जिसने उपस्थित पुलिसकर्मियों को फ्रांसीसी संस्कृति के करीब लाने का प्रयास किया।

कार्यक्रम की सबसे खास बात भारतीय और फ्रांसीसी कलाकारों की जुगलबंदी रही। नीरजा मोदी स्कूल की सियाना और मोरचंग व खड़ताल वादक ममता सापरा ने फ्रांसीसी कलाकारों के साथ मंच साझा किया। यह सांस्कृतिक आदान-प्रदान संगीत की सार्वभौमिक भाषा का एक सुंदर उदाहरण बना। भारत में फ्रेंच इंस्टीट्यूट के निदेशक ग्रेगोर ट्रूमेल ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम कलाकार और दर्शक के बीच एक सामूहिक अनुभव पैदा करते हैं, जो फ्रांस-भारत संबंधों की नींव को और मजबूत करते हैं।

अलायंस फ्रांसेज़ डी जयपुर की अध्यक्ष डॉ. टूलिका गुप्ता ने बताया कि इन आयोजनों का लक्ष्य फ्रांसीसी प्रदर्शन कलाओं को आम जनता के लिए सुलभ बनाना है। कार्यक्रम में कॉलेज शिक्षा आयुक्त नाथमल दीदेल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। इसके अलावा, राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों और स्कूलों के विद्यार्थियों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया।

यह प्रशिक्षण कार्यक्रम कुल 22 पुलिसकर्मियों को दिया जा रहा है, ताकि वे अपनी ड्यूटी के दौरान विदेशी पर्यटकों के साथ बेहतर संवाद कर सकें। कार्यक्रम का समापन कलाकारों और दर्शकों के बीच एक प्रश्नोत्तर सत्र के साथ हुआ, जिसने सांस्कृतिक संबंधों को नई दिशा देने का काम किया।

आगे पढ़ें

ताज़ा खबरें, एक के बाद एक

स्क्रॉल करते रहें, अगली खबर अपने आप खुलेगी।

जोधपुर: संजय सोनी की मौत के बाद MGH मोर्चरी के बाहर प्रदर्शन, नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग