Indore Economic Region: मध्यप्रदेश राज्य एवं बुलेट ट्रेन की रफ्तार से विकास को गति देने हेतु प्रदेश सरकार कई जिलों में हजारों वर्ग किलोमीटर में ‘इंदौर इकोनामिक रीजन' विकसित करने की तैयारी कर रही है। डॉ मोहन यादव सरकार द्वारा प्रदेश के रतलाम, उज्जैन, धार, देवास, इंदौर, खरगोन, खंडवा व शाजापुर जिले में कुल 49,262 वर्ग किमी (प्रदेश का 16%) में ‘इंदौर इकोनामिक रीजन' (Indore economic area) विकसित करने का प्लान बनाया गया है। इस योजना के तहत नीति आयोग की रिपोर्ट में 20 से अधिक नीतिगत सुधारों की भी सिफारिश की गई है। सरकार की यह महे योजना प्रदेश में औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने का काम करेगी।
‘इंदौर इकोनामिक रीजन' में इन योजनाओं को किया जाएगा शामिल
प्रदेश के डॉक्टर मोहन यादव सरकार द्वारा प्रदेश के आठ जिलों में विकसित किया जा रहे ‘इंदौर इकोनामिक रीज' में आईटी, स्वास्थ्य, उद्योग, परिवहन, पर्यटन, कृषि आधारीत उद्यौग और शहरी विकास के आर्थिक विस्तार की योजनाओं को शामिल किया गया है। कॉन्क्लेव में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव इस योजना को लेकर आज बुधवार को इंदौर में होने जा रहे अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0 में निवेशकों से भी चर्चा करेंगे। इसके अलावा आवास, जल प्रबंधन, शहरी अधोसंरचना, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, पर्यटन व अक्षय ऊर्जा पर बात होगी।
आज बुधवार, 28 अक्टूबर को इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में होने जा रही अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव 2.0 में मोहन यादव सरकार को टूरिज्म में अनुमानित 12.5 हजार करोड़ रुपए के निजी निवेश की उम्मीद है। सरकार द्वारा इंदौर आर्थिक क्षेत्र में आठ जिलों को शामिल किया गया है। इस महायोजना के तहत 500 एकड़ में बिजनेस स्कूल हब बनाने का प्रोजेक्ट भी प्रस्तावित है।


