करौली। करौली जिले के महोली गांव में जरख के अचानक हुए हमलों ने ग्रामीणों के बीच दहशत पैदा कर दी है। इस हिंसक घटना में सीमा बैरवा, उनके पति राकेश बैरवा और एक अन्य महिला गौरा गौड़ गंभीर रूप से घायल हो गए हैं। तीनों घायलों को इलाज के लिए करौली अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है। पिछले दो दिनों से गांव में जरख की सक्रियता की खबरें मिल रही थीं, जिसके चलते मवेशियों के शिकार होने की भी जानकारी सामने आई है।
घटना की शुरुआत तब हुई जब सीमा और राकेश बैरवा सुबह अपने खेतों की ओर जा रहे थे। गांव के बाहर अचानक एक जरख ने उन पर हमला कर दिया। अपनी और अपनी पत्नी की जान बचाने के लिए राकेश ने दराती का इस्तेमाल कर जरख का मुकाबला किया और उसे वहां से भगा दिया। इस संघर्ष में दोनों पति-पत्नी बुरी तरह घायल हो गए। शोर सुनकर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने तुरंत उन्हें अस्पताल पहुंचाया।
अभी यह मामला शांत भी नहीं हुआ था कि कुछ ही देर बाद उसी इलाके में एक और हमला हो गया। हनुमान मंदिर दर्शन के लिए जा रही गौरा गौड़ को भी जरख ने अपना निशाना बनाया। इस हमले में वह भी गंभीर रूप से घायल हो गईं। पूर्व जिला प्रमुख प्रतिनिधि रक्षी लाल बैरवा ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा लिया और अस्पताल के पीएमओ डॉ. भुवनेश बंसल के साथ मिलकर घायलों के उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित की।
ग्रामीणों की सूचना पर रेंजर प्रेमचंद सेन के नेतृत्व में वन विभाग की टीम ने गांव में पहुंचकर मोर्चा संभाल लिया है। टीम ने एक जरख को पकड़ने में सफलता हासिल की है, जबकि अन्य की तलाश के लिए सघन अभियान चलाया जा रहा है। वन विभाग ने ग्रामीणों को अन्य जरखों को भी जल्द पकड़ने का आश्वासन दिया है। प्रशासन और वन विभाग से ग्रामीणों ने मांग की है कि गांव में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जाएं ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
