जयपुर। दीपावली के त्यौहार के मद्देनजर खाद्य पदार्थों में मिलावट को रोकने के लिए जयपुर द्वितीय की खाद्य सुरक्षा टीम ने एक विशेष अभियान शुरू किया है। अतिरिक्त मुख्य सचिव गायत्री राठौड़ और खाद्य सुरक्षा आयुक्त अविचल चतुर्वेदी के निर्देशों के तहत, टीम ने चाकसू, दूदू और नरैना क्षेत्रों में कई मिठाई प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि त्यौहार के दौरान उपभोक्ताओं को शुद्ध और सुरक्षित खाद्य सामग्री उपलब्ध हो।
चाकसू तहसील में टीम ने मैसर्स खंडेलवाल मिष्ठान भंडार, जोधपुर स्वीट्स, भगवती जोधपुर मिष्ठान भंडार और श्री जोधपुर मिष्ठान भंडार जैसे प्रमुख केंद्रों से मावा, मिश्री मावा और कलाकंद के छह नमूने लिए। इन नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा गया है, और रिपोर्ट आने के बाद मानकों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित दुकानदारों के खिलाफ खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
अभियान का दायरा बढ़ाते हुए टीम ने दूदू और नरैना में भी सघन जांच की। दूदू में अन्नपूर्णा जोधपुर मिष्ठान भंडार और अग्रवाल स्वीट्स से मावा और पेड़ा के नमूने लिए गए। वहीं, नरैना में शंकर मिष्ठान भंडार, गोपाल डेयरी एवं स्वीट्स और नव दुर्गा जोधपुर मिष्ठान भंडार से मोतीचूर लड्डू, पनीर और मलाई बर्फी के नमूने एकत्र किए गए। इन सभी नमूनों को परीक्षण के लिए खाद्य प्रयोगशाला में भेजा गया है।
निरीक्षण के दौरान, खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने दुकान संचालकों को कड़े निर्देश दिए हैं। इनमें अच्छी गुणवत्ता वाले कच्चे माल का उपयोग करना, खाद्य रंगों का सीमित मात्रा में प्रयोग, और खराब हो चुकी मिठाइयों को तुरंत हटाने जैसे निर्देश शामिल हैं। दुकानदारों को यह भी हिदायत दी गई है कि वे खाद्य पदार्थों को ढककर रखें और अपने फूड लाइसेंस को दुकान पर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करें।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि त्यौहारों के दौरान मिलावटखोरी को किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। दुकानदारों को स्वच्छता बनाए रखने और निर्धारित मानकों का पालन करने के लिए कहा गया है। यह अभियान दीपावली तक जारी रहेगा ताकि आम जनता की सेहत के साथ कोई खिलवाड़ न हो सके। स्थानीय निवासियों से भी अपील की गई है कि वे किसी भी संदिग्ध खाद्य पदार्थ की सूचना तुरंत विभाग को दें।


