हरियाणा के शहरों में बाईपास निर्माण के लिए रिंग रोड बनाने की प्रक्रिया में तेजी लाई जा रही है। अधिकतर शहरों में रिंग रोड का आधे से ज्यादा काम पूरा हो चुका है, लेकिन कुछ हिस्सों में रिंग रोड बनना बकाया है। जहां जींद में 8 किलोमीटर लंबा रिंग रोड बनना शेष है और इसके लिए सरकार द्वारा घोषणा की जा चुकी है। वहीं भिवानी में 11 किलोमीटर लंबा रिंग रोड बनेगा।
यह रिंग रोड बनने के बाद भिवानी शहर के चारों तरफ 41 किलोमीटर लंबा रिंग रोड बनकर तैयार हो जाएगा। भिवानी में 11 किलोमीटर लंबे रिंग रोड के लिए 800 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले फोरलेन बाइपास प्रोजेक्ट की अवार्ड प्रक्रिया पूरी हो गई है। रिंग रोड कनेक्टिविटी को पूरा करने के लिए हांसी रोड से लोहारू रोड के बीच 11 किलोमीटर लंबे शेष बाइपास के निर्माण हेतु भूमि चिह्नीकरण का कार्य संपन्न हो चुका है और इसे राजस्व विभाग से स्वीकृति भी मिल गई है।
केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्रालय से प्रोजेक्ट को हरी झंडी मिलने से एनएचएआई ने टेंडर प्रक्रिया की तरफ कदम बढ़ा लिया है उम्मीद है कि अगले महीने संबंधित किसानों के बैंक खातों में मुआवजा राशि सीधे ट्रांसफर कर दी जाएगी। मुआवजा मिलने के बाद निर्माण कार्य तेजी से शुरू होगा। इस बाइपास के बनते ही शहर के चारों तरफ 41 किलोमीटर लंबा फोरलेन रिंग रोड पूरी तरह बनकर तैयार हो जाएगा, शहर में तीन तरफ के रिंग रोड का निर्माण पूरा हो चुका है। केवल हांसी से लोहारू रोड तक का हिस्सा बचा है।
लोहानी, जुई व लोहारू बाइपास की मुआवजा राशि होगी वितरित
इस फोरलेन प्रोजेक्ट में लोहानी (2.7 किमी), जुई (5.5 किमी) और लोहारू (10.8 किमी) में नए बाइपास बनाए जाएंगे। वर्ष 2025 में इनकी अलाइनमेंट और केंद्र से डीपीआर को मंजूरी मिल चुकी है। एनएचएआई द्वारा भूमि अधिग्रहण के लिए राजस्व विभाग किसानों और भूमि को चिह्नित कर ड्राफ्ट सौंप चुका है। जल्द गजट नोटिफिकेशन जारी होने के बाद किसानों को मुआवजा वितरण का कार्य शुरू किया जाएगा।
राजस्थान के राजगढ़ से होकर पानीपत तक जाएगा बाइपास
दिल्ली-पिलानी नेशनल हाईवे 709ई को भिवानी से लोहारू तक फोरलेन के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके तहत लोहानी, जुई और लोहारू में नए बाइपास बनाए जा रहे हैं। इन तीनों बाइपासों के निर्माण के बाद भिवानी से लोहारू तक लगभग 62 किलोमीटर लंबी सड़क फोरलेन करने का प्रस्ताव है। राजस्थान के राजगढ़ से होकर पिलानी, लोहारू, भिवानी, रोहतक व गोहाना होते हुए पानीपत जाने वाले इस राजमार्ग में भिवानी-लोहारू मार्ग एनएच-709 एक्सटेंशन के अंतर्गत आता है।
राहगीरों-नागरिकों को मिलेगा लाभ
राजस्थान, गुजरात, दिल्ली के अलावा हिसार, जींद आदि क्षेत्रों में आने-जाने वाले वाहन चालकों का रास्ता सुगम हो जाएगा। भारी वाहनों को भिवानी में एंट्री नहीं करनी पड़ेगी। जींद व हिसार की तरफ से आने वाले भारी वाहनों को भी राहत मिलेगी। दादरी व लोहारू रोड की तरफ जाने वाले भारी वाहनों को रोहतक रोड होते हुए दादरी या लोहारू रोड नहीं जाना पड़ेगा।
हांसी रोड से लोहारू रोड रिंग रोड का निर्माण होने से दोनों रूट के भारी वाहन इस मार्ग से होते हुए सीधे लोहारू व दादरी हाईवे मार्ग तक पहुंच जाएंगे। इससे लगभग 45 मिनट समय की बचत होगी। 41 किमी की दूरी तय करने के बजाय 11 किमी में ही सफर पूरा हो जाएगा। हांसी रोड से लोहारू रोड बाइपास के निर्माण से हाईवे मार्ग पर भूमि आने के कारण किसानों की भूमि के रेट कई गुना बढ़ जाएंगे।
भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही
भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के परियोजना निदेशक हिमेंद्रा सिंह ने बताया कि भिवानी, लोहानी, जुई और लोहारू बाइपास के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया चल रही है। अधिकतर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। संबंधित किसानों को मुआवजा राशि के भुगतान की प्रक्रिया जल्द शुरू हो जाएगी।