Old Hindi Song: स्वर कोकिला लता मंगेशकर की आवाज में 35 वर्ष पहले बने ‘मोरनी बागा में बोले' गाने को लोग आज भी भूल नहीं है। यह गाना पिछले तीन दशकों से हिंदी संगीत प्रेमियों का फेवरेट बना हुआ है। लता मंगेशकर की आवाज में बना ‘मोरनी बागा में बोले' कालजयी गाना हमें राजस्थानी लोकगीत की झलक से रूबरू कराता है। इस गाने में राजस्थानी लोकगीत की भाषा और राजस्थानी संस्कृति का अद्भुत मिश्रण देखने को मिलता है। राजस्थानी संस्कृति को पसंद करने वाले देश में ही नहीं बल्कि दुनिया में भी लाखों, करोड़ों लोग हैं।
‘मोरनी बागा में बोले' गाने में दिखाई देती है राजस्थानी संस्कृति की झलक
1991 में यश चोपड़ा के निर्देशन में बनी फिल्म ‘लम्हे' के लिए राजस्थान लोकगीत से प्रेरित होकर लता मंगेशकर की आवाज में बनाए गए सदाबहार हिंदी गाने में राजस्थानी संस्कृति के अद्भुत झलक दिखाई देती है। वैसे तो राजस्थानी संस्कृति और भाषा में अनेक गाने बने हुए हैं। लता मंगेशकर की आवाज में 35 वर्ष पहले बना ‘मोरनी बागा में बोले' गाना हिंदी संगीत प्रेमियों का आज भी फेवरेट बना हुआ है। इस सुपरहिट हिंदी गाने को बॉलीवुड के मशहूर अदाकारा स्वर्गीय श्रीदेवी की पर फिल्माया गया था। लता की बेहतरीन आवाज और श्रीदेवी के दमदार नृत्य ने इस गाने को सुपरहिट बना दिया था।
राजस्थान, हरियाणा सहित उत्तर भारत में खूब सुनते हैं राजस्थानी संस्कृति से ओतप्रोत यह गाना
आनंद बख़्शी के दिल को छू लेने वाले बोल और लता मंगेशकर की मधुर आवाज के साथ श्रीदेवी के नृत्य से सजे इस गाने को आज भी राजस्थान और हरियाणा प्रदेश सहित उत्तरी भारत के राज्यों में लोग को पसंद करते हैं। भारत में ही नहीं बल्कि दूसरे देशों में भी राजस्थानी संस्कृति को पसंद करने वाले लोगों द्वारा यह कालजयी गीत काफी पसंद किया जाता है। मोरनी बागा में बोले' गाने का संगीत शिव हरी द्वारा तैयार किया गया था। इस गाने का संगीत सुनकर आज भी हिंदी संगीत प्रेमियों की आत्मा तृप्त हो जाती है।

