भरतपुर। भरतपुर की ऐतिहासिक सुजान गंगा नहर में उस समय हड़कंप मच गया जब एक 60 वर्षीय बुजुर्ग ने पानी में छलांग लगा दी। गोपालगढ़ निवासी मोहन सिंह नामक इस बुजुर्ग ने परिजनों द्वारा की जा रही लगातार मारपीट और प्रताड़ना से तंग आकर यह कदम उठाया था। मौके पर पहुंची मथुरा गेट थाना पुलिस ने अपनी सूझबूझ और तत्परता का परिचय देते हुए बुजुर्ग की जान बचा ली।
घटना की सूचना मिलते ही एएसआई राकेश मान के नेतृत्व में पुलिस टीम आवश्यक रेस्क्यू उपकरणों के साथ तुरंत मौके पर पहुंची। उस समय बुजुर्ग गहरे पानी में डूब रहा था। पुलिसकर्मियों ने बिना समय गंवाए नहर में एक मजबूत रस्सी फेंकी, जिसे बुजुर्ग ने कसकर पकड़ लिया। इस प्रयास ने उन्हें डूबने से बचाने में बड़ी भूमिका निभाई।
रस्सी के सहारे बुजुर्ग को पानी में थामे रखने के बाद पुलिस ने स्थानीय नाव चालकों की सहायता ली। नाव की मदद से बुजुर्ग को सुरक्षित किनारे तक लाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उनकी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की स्थानीय लोगों ने सराहना की है।
नहर से सुरक्षित निकाले जाने के बाद मोहन सिंह ने अपनी व्यथा साझा की। उन्होंने बताया कि उनके परिजन उनके साथ अक्सर मारपीट करते हैं, जिससे वे मानसिक और शारीरिक रूप से बेहद टूट चुके थे। बुजुर्ग का यह भी आरोप है कि उन्होंने पहले भी इस संबंध में पुलिस से शिकायत करने का प्रयास किया था, लेकिन उनकी एफआईआर दर्ज नहीं की गई, जिससे उनकी निराशा और बढ़ गई।
फिलहाल पुलिस ने बुजुर्ग को सुरक्षा प्रदान की है और पूरे मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि बुजुर्ग द्वारा लगाए गए प्रताड़ना के आरोपों की गंभीरता से पड़ताल की जाएगी। पुलिस यह सुनिश्चित करने का प्रयास कर रही है कि पीड़ित को न्याय मिले और भविष्य में उन्हें किसी प्रकार की असुरक्षा का सामना न करना पड़े।

