Evergreen Old Song: लता मंगेशकर और किशोर कुमार की आवाज में 55 वर्ष पहले 1972 में बने ‘धीरे-धीरे बोल कोई सुन ना ले' पुरानी हिंदी गाने (old Hindi song) का जादू आज भी हिंदी संगीत प्रेमियों 70 के दशक जैसा ही बरकरार है। इस गाने को जितना पसंद पुराने दौर में किया जाता था उतना ही पसंद आज के दौर में भी किया जा रहा है।
हिंदी संगीत जगत की लीजेंड सिंगर लता मंगेशकर की दिलकश आवाज में बना यह सदाबहार गाना (evergreen Hindi song) आज के दौर में भी प्रेमी जोड़ों द्वारा खूब सुना जाता है। यह सदाबहार गाना 70 के दशक में हर किसी की जुबान पर छा गया था। पांच दशक से सुपरहिट बने इस कालजयी गीत के हार्ट टचिंग लिरिक्स आनंद बक्शी जी ने लिखे थे।
70 के दशक में रिलीज हुई ‘काला गोरा' फिल्म का सबसे सुपरहिट गाना है ‘धीरे बोल कोई सुन ना ले'
सदाबहार गाने ‘धीरे-धीरे बोल कोई सुन ना ले' को 70 के दशक में 1972 में रिलीज हुई हिंदी फिल्म 'काला और गोरा' का सबसे सुपरहिट गाना (Lata Mangeshkar superhit song) माना जाता है। लता मंगेशकर और मुकेश की आवाज में इस गाने (Lata Mangeshkar and Mukesh Kumar song) को राजेंद्र कुमार और ड्रीम गर्ल हेमा मालिनी पर फिल्माया गया था।
यह गाना 70 के दशक में ही नहीं बल्कि आज के दौर में भी लाखों लोगों का फेवरेट बना हुआ है। आज के दौर के युवाओं द्वारा इस गाने पर शॉर्ट वीडियो भी खूब मनाए जा रहे हैं। लता और मुकेश के इस गाने को 70 के दशक के सबसे सुपरहिट गानों (70's superhit Hindi song) में से एक माना जाता है।
लक्ष्मीकांत और प्यारेलाल की जोड़ी ने ने तैयार किया था ‘धीरे-धीरे बोल कोई सुन ना ले' गाने का मधुर संगीत
बॉलीवुड के प्रख्यात संगीतकार लक्ष्मीकांत प्यारेलाल जी के संगीत से सजी पुराने नगमे आज भी इंटरनेट पर ट्रेंड करते हैं। 1972 में आए ‘धीरे-धीरे बोल कोई सुन ना ले' गाने का मधुर संगीत भी इसी जोड़ी ने तैयार किया था। इस गाने की दिल को छू लेने वाली मधुर धुन आज भी सुनकर लोग मदहोश हो जाते हैं।
लता और मुकेश की आवाज में लक्ष्मीकांत प्यारेलाल जी के संगीत से सजे इस गाने में राजेंद्र कुमार और हेमा मालिनी (Hema Malini) अदाकारी को पिछले 55 वर्षों से लोग पसंद कर रहे हैं। यह गाना जितना पसंद 70 के दशक में किया जाता था उतना ही पसंद आज के दौर में भी किया जा रहा है।


