उत्तर पश्चिम रेलवे में प्रशासनिक नियंत्रण को लेकर कर्मचारियों का बड़ा प्रदर्शन
जयपुर में विद्युत कोचिंग डिपो के कर्मचारियों ने यांत्रिक विभाग के अधीन किए जाने के विरोध में जोनल स्तर पर प्रदर्शन किया।

जयपुर। उत्तर पश्चिम रेलवे मजदूर संघ के नेतृत्व में आज 15 सितंबर 2026 को जयपुर के कोच केयर परिसर में रेल कर्मचारियों ने अपनी मांगों को लेकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। सुबह 10 बजे से शुरू हुए इस प्रदर्शन में विद्युत कोचिंग डिपो और मैकेनिकल विभाग के सैकड़ों कर्मचारी शामिल हुए। कर्मचारियों का मुख्य आक्रोश प्रशासन द्वारा विद्युत कोचिंग स्टाफ को यांत्रिक विभाग के प्रशासनिक नियंत्रण में लाने के फैसले के खिलाफ है। यह बदलाव जुलाई 2024 में जारी एक गजेटेड मेमोरेंडम के तहत लागू किया गया था, जिसका कर्मचारी लंबे समय से विरोध कर रहे हैं।
मंडल अध्यक्ष सौरभ दीक्षित ने स्पष्ट किया कि यदि प्रशासन ने उनकी मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार नहीं किया, तो भविष्य में आंदोलन को और अधिक उग्र किया जाएगा। संघ ने इस मुद्दे को महाप्रबंधक स्तर पर होने वाली स्थाई वार्ता तंत्र की बैठकों में भी प्रमुखता से उठाया था। मार्च 2025 में हुई बैठकों के बावजूद, मुख्यालय द्वारा कर्मचारियों के हित में कोई ठोस आदेश जारी नहीं किए गए, जिससे कर्मचारियों में भारी असंतोष व्याप्त है। उनका कहना है कि विद्युत विभाग के कर्मचारियों का प्रशासनिक नियंत्रण यांत्रिक विभाग से अलग होना चाहिए।
मंडल मंत्री दीपक वर्मा ने प्रशासन पर कर्मचारियों के साथ दोहरा व्यवहार करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि संघ ने प्रशासन को लिखित में चेतावनी दी थी कि यदि समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो जोनल स्तर पर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। आज का प्रदर्शन उसी कड़ी का हिस्सा है। कर्मचारियों का तर्क है कि इस प्रशासनिक बदलाव से उनके कार्यक्षेत्र और अधिकारों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है, जिसे वे किसी भी स्थिति में स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं।
इस प्रदर्शन में प्रवीण चौहान, वीरेंद्र सिंह कविया, मंजू सिंह मीणा, अनवर हुसैन, राजेश मीणा, नरेश सैनी और याकत अली सहित कई पदाधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगों के समर्थन में जमकर नारेबाजी की और प्रशासन से तत्काल प्रभाव से आदेश वापस लेने की मांग की। फिलहाल प्रशासन की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, जिससे कर्मचारियों में आगे की कार्रवाई को लेकर उत्सुकता बनी हुई है।
प्रतिक्रियाएं
टिप्पणियां
अभी कोई स्वीकृत टिप्पणी नहीं है।
