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चूरू किशोर न्याय बोर्ड का निरीक्षण: लंबित मामलों और बच्चों की सुविधाओं की समीक्षा

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव कृष्णा राकेश कांवत ने चूरू किशोर न्याय बोर्ड का दौरा कर लंबित प्रकरणों और बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लिया।

संवाददाता: जयपुर टाइम्स डेस्क
चूरू किशोर न्याय बोर्ड का निरीक्षण: लंबित मामलों और बच्चों की सुविधाओं की समीक्षा

चूरू। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशों और जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की अध्यक्ष एवं जिला एवं सेशन न्यायाधीश सोनिका पुरोहित के मार्गदर्शन में शनिवार को चूरू स्थित किशोर न्याय बोर्ड का औचक निरीक्षण किया गया। यह निरीक्षण जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव कृष्णा राकेश कांवत द्वारा संपन्न हुआ, जिसका मुख्य उद्देश्य बोर्ड में लंबित कानूनी मामलों की स्थिति और वहां निवासरत बच्चों को मिल रही सुविधाओं का मूल्यांकन करना था।

निरीक्षण के दौरान सचिव कृष्णा राकेश कांवत ने बोर्ड में लंबित प्रकरणों की विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने स्टाफ की कार्यप्रणाली, भवन की वर्तमान स्थिति और गवाहों के लिए उपलब्ध बैठक व्यवस्था का बारीकी से अवलोकन किया। व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए ताकि न्यायिक प्रक्रिया में किसी प्रकार की बाधा न आए और कार्यक्षमता में सुधार हो सके।

सचिव ने किशोर गृह में रह रहे बच्चों के लिए उपलब्ध बुनियादी सुविधाओं की भी गहन समीक्षा की। उन्होंने बच्चों को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता की जांच की और चिकित्सा सुविधाओं की उपलब्धता को परखा। इसके अलावा, परिसर में पीने के साफ पानी की व्यवस्था और स्वच्छता के मानकों का भी निरीक्षण किया गया। उन्होंने यह सुनिश्चित करने पर जोर दिया कि बच्चों को सभी आवश्यक सुविधाएं समय पर और उचित गुणवत्ता के साथ मिलें।

इस दौरे के दौरान कानूनी सहायता अधिवक्ताओं द्वारा मुकदमों की पैरवी की स्थिति पर भी चर्चा की गई। सचिव ने मौके पर उपस्थित लोगों को सरकार द्वारा संचालित निःशुल्क विधिक सहायता योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने लोगों को जागरूक किया कि किस प्रकार वे कानूनी सहायता का लाभ उठा सकते हैं और अपने अधिकारों की रक्षा कर सकते हैं। यह निरीक्षण न्यायिक सेवाओं को अधिक पारदर्शी और सुलभ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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