पिपलाई में निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन, 168 मरीजों को मिला उपचार
बाल आश्रम और निम्स हॉस्पिटल जयपुर के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित शिविर में ग्रामीणों को स्वास्थ्य परामर्श और दवाइयां निःशुल्क उपलब्ध कराई गईं।

पिपलाई। पिपलाई स्थित अटल सेवा केंद्र पर शनिवार को एक विशेष निःशुल्क चिकित्सा शिविर का आयोजन किया गया। बाल आश्रम की सह-संस्थापिका सुमेधा कैलाश के निर्देशन में आयोजित इस शिविर में निम्स हॉस्पिटल जयपुर के विशेषज्ञों ने अपनी सेवाएं दीं। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को उनके घर के समीप बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना था, विशेषकर बदलते मौसम के कारण फैल रही मौसमी बीमारियों को देखते हुए।
शिविर में निम्स हॉस्पिटल की अनुभवी चिकित्सकों की टीम ने भाग लिया, जिसका नेतृत्व शिविर प्रभारी नीरज जाटावत और नासिर अंसारी ने किया। टीम में शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. धीरज राजपुरोहित, सामान्य रोग विशेषज्ञ डॉ. नीलभ पांडे, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. संजू यादव और स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. निकिता गर्ग शामिल थे। नर्सिंग स्टाफ के सहयोग से चिकित्सकों ने मरीजों की गहन जांच की और उन्हें उचित परामर्श दिया।
शिविर के दौरान कुल 168 मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। इस दौरान रक्तचाप और शुगर जैसी महत्वपूर्ण जांचें भी की गईं। मरीजों को न केवल चिकित्सकीय सलाह दी गई, बल्कि उन्हें आवश्यक दवाइयां भी निःशुल्क उपलब्ध कराई गईं। बाल आश्रम के प्रबंधक आदेश कुमार ने बताया कि क्षेत्र में मौसमी बीमारियों का प्रकोप बढ़ रहा है, जिसे देखते हुए यह शिविर आयोजित किया गया ताकि जरूरतमंदों को समय पर राहत मिल सके।
कार्यक्रम के दौरान ग्राम पंचायत प्रशासक विश्राम मीणा और बाल सरपंच प्रियंका ने चिकित्सकों की टीम का माला पहनाकर स्वागत किया और उनकी अनुकरणीय सेवाओं की सराहना की। इस अवसर पर सत्यार्थी मूवमेंट फॉर ग्लोबल कम्पैशन के कार्यकर्ता भी उपस्थित रहे। स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने इस प्रयास को ग्रामीणों के लिए अत्यंत लाभकारी बताया।
शिविर के सफल आयोजन से स्थानीय निवासियों को काफी राहत मिली है। आयोजकों ने कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार के स्वास्थ्य कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीण अंचल में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने का प्रयास जारी रहेगा। यह शिविर न केवल स्वास्थ्य जांच का माध्यम बना, बल्कि ग्रामीणों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने में भी सहायक सिद्ध हुआ।
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